पेट दर्द क्या है? इसके कारण लक्षण व घरेलू उपचार क्या है। (What Is Abdominal Pain)

What Is Abdominal Pain

एक निरोगी काया जीवन में उत्साह भरने का काम करती है, जिसमें पेट एक अहम भूमिका निभाता है। माना गया है कि शरीर की अत्यधिक आतंरिक समस्याएं पेट से जुड़ी होती हैं, क्योंकि पेट भोजन ग्रहण करता है और ऊर्जा के प्रवाह में सहयोग करता है। अक्सर देखा गया है कि गलत खान-पान की वजह से पेट कई परेशानियों से घिर जाता है, जिसमें पेट दर्द भी शामिल है। पेट दर्द एक आम समस्या है, जो किसी को भी, किसी भी समय हो सकती है। वहीं, कुछ मामलों में यह समस्या किसी गंभीर बीमारी के लक्षण के रूप में भी सामने आ सकती है। यही वजह है कि स्टाइलक्रेज के इस लेख में हम पेट दर्द के कारण के साथ-साथ पेट दर्द के घरेलू उपाय बताने जा रहे हैं।

पेट दर्द के प्रकार क्या क्या है? (Types Of Stomach Ache In Hindi)

♦  पेट दर्द के निम्नलिखित प्रकार होते हैं –

  1. सामान्य दर्द
    सामान्य दर्द पेट के आधे या उससे अधिक हिस्से में होता है। यह दर्द कई अलग-अलग बीमारियों के साथ हो सकता है और आमतौर पर उपचार के बिना ठीक हो जाता है। अपच और पेट की समस्याएं सामान्य पेट दर्द का कारण होती हैं। घरेलु उपचार कुछ परेशानी को राहत देने में मदद कर सकता है। हल्का दर्द या कठोर दर्द जो समय के साथ ज़्यादा गंभीर हो जाता है, आंतों की रुकावट का लक्षण हो सकता है। पेट दर्द क्या है इन हिन्दी।
  2. स्थानीय दर्द
    स्थानीय दर्द पेट के एक हिस्से में होता है। अचानक और बदतर होने वाला स्थानीय दर्द एक गंभीर समस्या का लक्षण हो सकता है। अपेंडिसाइटिस का दर्द सामान्य दर्द के रूप में शुरू होता है लेकिन यह अक्सर पेट के एक हिस्से में होने लगता है। पित्ताशय की बीमारी या पेप्टिक अल्सर रोग का दर्द अक्सर पेट के एक हिस्से में शुरू होता है और उसी स्थान पर रहता है। स्थानीय दर्द जो धीरे-धीरे अधिक गंभीर हो जाता है वह पेट के किसी अंग की सूजन का लक्षण हो सकता है।
  3. ऐंठन (क्रैम्पिंग)
    क्रैम्पिंग एक प्रकार का दर्द है जो आता-जाता रहता है या होने की स्थिति या गंभीरता में बदलता रहता है। ऐंठन ज़्यादातर सामान्य ही होती है जब तक उसे गैस या मल पारित करने से राहत नहीं मिलती। कई महिलाओं को मासिक धर्म के दौरान ऐंठन होती है। सामान्य ऐंठन आमतौर पर चिंता का कारण नहीं होती जब तक वह बदतर न हो, 24 घंटों से अधिक समय तक रहे या एक ही जगह पर हो। दस्त या अन्य सामान्य स्वास्थ्य समस्याओं के साथ शुरू होने वाली ऐंठन काफी दर्दनाक हो सकती है लेकिन यह आमतौर पर गंभीर नहीं होती।
  4. कोलिकी दर्द – इस प्रकार का दर्द पेट में लहरों की तरह आता है। यह दर्द बार-बार शुरू होता है और अचानक बंद हो जाता है। यह दर्द पथरी और पित्त पथरी (Gallstones) के कारण हो सकता है।
पेट दर्द के कारण क्या है? (Causes Of Stomach Pain In Hindi)

पेट का दर्द कई कारणों की वजह से हो सकता है, इनमें से कुछ मुख्य कारण निम्नलिखित हैं:

    • कब्ज
    • दस्त
    • सीने में जलन
    • अल्सर
    • गुर्दे में पथरी
    • अपेंडिसाइटिस
    • मूत्र संक्रमण
    • फूड पॉइजनिंग
    • इरिटेबल बाउल सिंड्रोम (आंत की सूजन)
    • पेट का कैंसर
    • पित्ताशय की सूजन
    • आंत में रक्त संचार की कमी
    • सीने की जलन
    • पैनक्रिया की सूजन या संक्रमण
    • माहवारी में ऐंठन
पेट दर्द के लक्षण (Symptoms Of Stomach Pain In Hindi)

पेट दर्द अपने आप में एक लक्षण है जिसका मतलब यह हो सकता है कि व्यक्ति को कोई समस्या है जिसे इलाज की आवश्यकता है। अपने लक्षणों का ध्यान रखें क्योंकि इससे डॉक्टर को आपके दर्द का कारण जानने में मदद मिलेगी।
विशेष ध्यान दें अगर पेट में दर्द अचानक हो, खाने के बाद हो या दस्त के साथ हो।

    • जलन होना।
    • रुक-रुक कर पेट में दर्द होना।
    • पेट में गुड़गुड़ाहट होना।
    • ज्यादा खट्टी डकार आना।
    • बुखार आना।
    • ज्यादा गैस बनना भी पेट दर्द का लक्षण है।
    • उल्टी से मिचलाना।
    • पेट में सुई चुभोने जैसा दर्द होना।
    • पेट फूलना या भारी महसूस होना।
    • पेशाब त्यागते समय कभी-कभी पेट में दर्द होना।
पेट दर्द से बचाव कैसे कर सकते है? (Prevention Of Stomach Pain In Hindi)
  1. खाने की गति धीमी करनी चाइए।
    यदि आप खाने को बड़ा-बड़ा काटकर और बिना चबाए खाते हैं, तो यह संभव है कि आप खाने के साथ हवा भी निगल लें जो आपके पेट में गैस बनती है जिससे पेट में दर्द हो सकता है। इसीलिए धीरे-धीरे चबाएं और निगलने में समय लें।
  2. भोजन टाइम से टाइम खाना चाइए।
    कुछ लोगों को भोजन के बीच के अंतराल के दौरान पेट में दर्द होता है। यदि आपको ऐसा होता है, तो पूरे दिन में छोटे-छोटे अंतराल में भोजन या स्नैक्स लें ताकि आपका पेट लंबी अवधि के लिए खाली न रहे। हालाँकि, इसके विपरीत भी हो सकता है। यदि आप ज़्यादा खा लेते हैं तो आपके पेट में दर्द हो सकता है।
  3. अपने खाने व डाइट का धयान रखे।
    वसायुक्त, तला हुआ या मसालेदार भोजन आपके पेट में परेशानी कर सकता है। यह आपके पाचन तंत्र की प्रक्रिया को धीमा कर सकते हैं और आपको कब्ज होने की अधिक संभावना हो सकती है। अगर आप सब्ज़िओं और फाइबर के साथ अधिक पौष्टिक खाद्य पदार्थ खाते हैं तो आपका पाचन तंत्र स्वस्थ रहता है।
  4. अपने चिकित्सक घरेलू ड़ोक्टर की सलाह ले।
    यदि आपको दूध पीने के बाद या कोई निश्चित चीज़ खाने के बाद पेट में ऐंठन होती है तो अपने डॉक्टर से सलाह लें। ऐसा हो सकता है आपको डेयरी उत्पादों या किसी अन्य प्रकार के भोजन के प्रति असंवेदनशीलता हो। आपके डॉक्टर आपको इनसे दूर रहने के तरीकों का पता लगाने में मदद कर सकते हैं।
  5. अधिक पानी पिएँ सुरु करे।
    पानी आपके पेट की गतिविधि ठीक रखता है ताकि आप नियमित रहें। जब आपको प्यास लगे तो पानी पिएँ और सोडे वाले पेय पदर्थों (जैसे कोल्ड-ड्रिंक) का सेवन कम करें। कार्बन युक्त पेय पदार्थ गैस कर सकते हैं जिससे पेट दर्द हो सकता है। अल्कोहल और कैफीनयुक्त पेय पदार्थ कुछ लोगों के पेट में परेशानी पैदा कर सकते हैं इसलिए यदि आपको भी इनसे परेशानी होती है तो इनसे दूर रहें।
  6. अपने हाथ को अच्छी तरह धोएं।
    पेट के दर्द का एक सामान्य कारण जठरान्त्रशोथ (पाचन तंत्र में संक्रमण और सूजन के कारण होने वाली एक बीमारी) है जिसे कभी-कभी पेट का वायरस कहा जाता है। इससे दस्त, मतली, बुखार या सिरदर्द हो सकते हैं। रोगाणुओं को फैलने से रोकने का सबसे अच्छा तरीका यह है की विशेषकर खाने से पहले, शौचालय जाने के बाद और सार्वजनिक स्थानों पर उपस्थित होने पर बार-बार अपने हाथ धोएं।
  7. तनावमुक्त रहें लोड जैसा काम नही करे।
    कुछ लोगों को तनाव के कारण दिल की धड़कन में वृद्धि होती है या उनकी हथेलियों में पसीना आने लगता है या उन्हें पेट दर्द होता है। इसीलिए तनावमुक्त रहें और ऐसा करने के लिए आप व्यायाम, ध्यान लगाना आदि चीज़ें कर सकते हैं। यदि वे काम नहीं करते हैं, तो अपने चिकित्सक से सलाह लें।
पेट दर्द का इलाज कैसे करे? (Stomach Pain Treatment In Hindi)

जैसा कि हमने इस आर्टिकल में ऊपर हम बता चुके हैं। कि पेट दर्द अलग-अलग कारणों से हो सकता है। ऐसे में पेट दर्द का इलाज इस पर निर्भर करता है कि पेट दर्द किस वजह से हो रहा है। हालांकि, कुछ ऐसी दवाइयां हैं, जिनका उपयोग आमतौर पर पेट दर्द का इलाज करने के लिए किया जा सकता है।

    • पेरासिटामोल दवाई लेने से आप को आराम मिल सकता है।
    • एक्टिवेटेड चारकोल टैबलेट इस टैब्लेट से पेट मे गैस कम हो सकती है।
    • कब्ज के लिए मेटाम्यूसिल
    • डायरिया के लिए इमोडियम
पेट दर्द होने पे हल्का खाना चाइए। (Eat Light Food In Case Of Stomach Ache)
  • चावल
  • केला
  • ड्राई टोस्ट
  • कम मिर्च वाले खाद्य पदार्थ
पेट दर्द कितने समय तक रहना सही है? (How Long Stomach Pain Is Right)

आम तौर पर पेट दर्द एक या दो दिन में ठीक हो जाना चाहिए। अगर इससे ज़्यादा रहता है या फिर इनमें से कोई शिकायत है तो डॉक्टर की सलाह लेंनी उसीत होगी।

  • दर्द का बंद होने पर बार बार लौटना
  • दस्त जैसे लक्षण जो एक दो दिनों से ज्यादा चल रहे हैं तो
  • कम या ज्यादा बार पेशाब कर रहे हैं और इसमें दर्द होता है तो
  • अनजाने में वजन घटाया हो तो
पेट दर्द के घरेलू उपचार क्या है। (What Are The Home Remedies For Stomach Ache)

पेट में दर्द की परेशानी ऐसी होती है जिससे व्यक्ति न तो सुकून से बैठ पाता है और न ही कोई काम कर पाता है। दर्द के लिए कई बार लोग बार-बार दवाई लेते हैं जो हेल्थ के लिए अच्छी नहीं है। ऐसे में घरेलू उपचार ज्यादा बेहतर ऑप्शन होता है।

मेथी दाना
मेथी दाने को थोड़ा सा भून लें और फिर उसे पीसकर पाउडर बना लें। इसे गर्म पानी के साथ लें। ध्यान रहे कि मेथी दाना ज्यादा न सिके व पानी भी ज्यादा गर्म न हो।

अनार
अनार में कई गुणकारी तत्व होते हैं। अगर गैस के कारण पेट में दर्द है तो अनार के दानों को काले नमक के साथ लें, इससे आपको राहत महसूस होगी।

अदरक
चाय में अदरक को पीचकर डालें। उसे अच्छे से उबलने दें और फिर चाय पत्ती के साथ मिलाएं। इसके सेवन से दर्द में राहत मिलती है।

पुदीना
पुदीने के पत्ते को चबाएं या फिर 4 से 5 पत्तियों को एक कप पानी के साथ उबाल लें। पानी को गुनगुना होने दें और फिर सेवन करें।

ऐलोवेरा जूस
गैस, कब्ज, डायरिया जैसे कारणों से होने वाले पेट दर्द में ऐलोवेरा जूस काफी राहत देता है। आधा कप ऐलोवेरा जूस आपके पेट में जलन से लेकर दर्द को दूर कर देता है। (और जाने – एलोवेरा जूस के फायदे और नुक्सान )

नींबू का रस
नींबू के रस के साथ काला नमक मिलाएं और आधा कप पानी डालें। इसे पीने के कुछ ही देर में पेट दर्द में कमी आएगी।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

Q. पेट दर्द क्यों होता है?

पेट में दर्द होने की असंख्य वजहें हैं। यूं तो ज्यादातर पेट दर्द गंभीर नहीं होते और कुछ समय बाद बिना किसी दवाई के ठीक भी हो जाते हैं। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि पेट दर्द के प्रति लापरवाही बरती जाए। बहरहाल पेट में दर्द की कुछ वजहें हैं उल्टी, कब्ज, गैस्ट्रोएन्टराइटिस और तनाव। इसके अलावा पेट दर्द किसी गंभीर बीमारी का लक्षण भी हो सकते हैं जैसे छोटी या बड़ी आंत से संबंधित समस्या, गुर्दे में प्रॅाब्लम इतियादी।

Q. पेट में दर्द कब होता है?

पेट में दर्द सुबह, दोपहर या शाम कभी भी और किसी भी समय हो सकता है। यह पूर्णतया इसकी वजह पर निर्भर करता है। कुछ लोगों को खासकर सुबह या रात के समय पेट में दर्द होता है। इसकी वजह का पता लगाकर इसका उपचार किया जा सकता है। अगर पेट में दर्द बहुत तेज हो, तो इसे नजरंदाज किया जाना सही नहीं होता।

Q. रात में पेट दर्द क्यों होता है?

रात के समय पेट में दर्द होना बहुत ही आम समस्या है। यह दर्द पाचन तंत्र से संबंधित है। हालांकि इसे हल्के में लेना सही नहीं है। कई बार रात के समय पेट में दर्द होना कैंसर होने का लक्षण भी होता है। लेकिन इस लक्षण के साथ-साथ कैंसर के अन्य लक्षण भी नजर आते हैं। अतः रात के समय सिर्फ पेट में दर्द हो तो अन्य लक्षणों पर भी गौर करें। साथ ही अपने पाचन तंत्र को बेहतर बनाने के लिए रात के समय अपने खानपान का भी ख्याल रखें। इससे रात के समय हो रहे पेट दर्द से राहत मिलेगी।

Q. पेट दर्द से तुरंत राहत कैसे पाएं?

  • एंग्जाइटी की वजह से पेट दर्द है तो कुछ देर के लिए आंखें बंद करके बैठ जाएं और गहरी सांस लें। कुछ देर अपनी सांस की गति को नोटिस करें। संभव हो तो फ्रेश एयर में ऐसा करें। दर्द से तुरंत आराम मिल जाएगा।
  • गैस की वजह से पेट में दर्द है तो गैस को रिलीज करें। अकसर हम आसपास मौजूद लोगों की वजह से ऐसा करने से संकोच करते हैं। लेकिन पेट दर्द कम करने के लिए गैस रिलीज करना बहुत जरूरी है।
  • अगर आपको पीरियड्स की वजह से पेट में दर्द है तो हॅाट वॅाटर बैग को अपने पेट पर रखें। इससे थोड़ी देर में ही आराम मिल जाएगा।

Q. पेट दर्द और उलटी हो तो क्या करें?

लंबे समय से पेट से संबंधित कोई समस्या होने की वजह से अकसर घबराहट होना और उल्टी होने जैसी समस्या हो सकती है। इन बीमारियों में डारिया, कब्ज और पेट में दर्द शामिल है। ऐसी सिचुएशन में जरूरी है कि अपनी डाइट का ख्याल रखें, अपनी ईटिंग हैबिट पर गौर करें। ऐसी कोई चीज न खाएं, जिसे पचाने में आपको समस्या आती है।

Q. पेट के राइट साइड दर्द हो तो क्या करें?

नाभी के दाईं ओर ऊपरी या निचले पेट में दर्द होने का मतलब है, कि आपको अपेन्डिसाइटिस हो सकता है। हालाँकि हर बार ऐसा ही जरूरी नहीं है। लेकिन अपेन्डिसाइटिस के लगभग आधे मामलों में ऐसा ही देखा गया है। लेकिन पेट में हल्के दर्द होने के साथ-साथ और भी लक्षण नजर आते हैं जैसे-

  • भूख में कमी।
  • पेट दर्द होने के तुरंत बाद उल्टी और मितली आना।
  • पेट में सूजन।
  • कब्ज और डायरिया।
  • गैस रिलीज करने में परेशानी का अनुभव करना।

Q. पेट में लेफ्ट साइड में दर्द क्यों होता है?

हमारा पेट कई अंगों का घर है। इसलिए जब भी पेट में दर्द हो, तो यह गौर करना आवश्यक हो जाता है कि पेट के किस ओर और क्यों दर्द हो रहा है? आपके बाईं पेट की ओर कोलोन, छोटी आंत के हिस्से, किडनी है। अगर आपको इनमें से किसी भी अंग में परेशानी होगी, तो पेट के बाईं ओर दर्द होने लगेगा। आपके डाक्टर कुछ टेस्ट के जरिए इसका पता लगाएंगे कि दर्द क्यों हो रहा है। इसके बाद ही आपका उपचार संभव हो पाएगा।

Q. पेट दबाने पर दर्द क्यों होता है?

अगर पेट दबाने के बाद दर्द का अहसास हो तो यह स्थिति गंभीर और जानलेवा हो सकती है। इसका तुरंत इलाज किया जाना जरूरी है, क्योंकि इसे मेडिकल इमर्जेंसी समझा जाता है। अगर आपको इस तरह के दर्द के साथ-साथ बुखार भी है तो स्थिति और भी भयावह है। इस तरह के दर्द अकसर अपेन्डिसाइटिस, एक्टोपिक प्रेगनेंसी, फेलोपियन ट्यूब का घूम जाना, पाचन तंत्र में संक्रमण के कारण होता है।

Q. पेट में लगातार दर्द रहने पर क्या करें?

पेट में लगातार दर्द होने की कोई निश्चित वजह नहीं है। कई वजहों से पेट में लगातार दर्द बना रह सकता है जैसे अपच, पित्त की पथरी, गर्भावस्था, गैस, अग्नाशयशोथ। इनके अलावा भी कई बीमारियां हैं जिस वजह से पेट में लगातार दर्द बना रहता है। वजह जानकर ही इलाज किया जाना संभव होगा।

Q. रनिंग करते समय पेट में दर्द क्यों होता है?

रनिंग  से पहले और दौड़ने के दौरान कभी भी बहुत ज्यादा पानी न पिएं। ज्यादा पानी पीने की वजह से रनिंग के दौरान पेट में दर्द हो सकता है। हालांकि ज्यादा दौड़ने की वजह से डिहाइड्रेशन भी हो सकता है, इसलिए हमेशा एक-एक घूट करके पानी पिएं।

मुझे उम्मीद है की आप को ये आर्टिकल जो की (hindigyanshala.com) पेट दर्द क्या है? इसके कारण लक्षण व घरेलू उपचार क्या है, पर था। जो की पसंद आया होगा। ऐसे ही नॉलेज पाने के लिए हमारे से जुड़े रहे और फेस्बूक पेज को लाइक करे। पोस्ट को शेयर करे।